जोधपुर, 11 फरवरी/ राजस्थान राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण, जयपुर के निर्देशानुसार वर्ष 2023 की प्रथम राष्ट्रीय लोक अदालत शनिवार को जोधपुर जिला न्यायक्षेत्र में जोधपुर जिला मुख्यालय पर स्थित समस्त न्यायालयों में एवं न्यायक्षेत्र की तालुकाओं जैसे फलौदी, बिलाड़ा, पीपाड़ शहर, बालेसर, ओसियां तथा बाप. लोहावट, भोपालगढ़ में जिला विधिक सेवा प्राधिकरण श्री विक्रान्त गुप्ता (जिला एवं सेशन न्यायाधीश) जोधपुर की अध्यक्षता में सम्पन्न हुई।
इसमें जोधपुर जिला न्याय क्षेत्र के राजीनामा योग्य समस्त प्रकृति के लम्बित प्रकरण, प्री-लिटिगेशन प्रकरण, राजस्व मामले एवं जनोपयोगी सेवाओं व पांच वर्ष व दस वर्ष से अधिक पुराने मुकदमों का निस्तारण भी किया गया।
विधिक सेवा प्राधिकरण जोधपुर द्वारा जिला मुख्यालय स्तर पर 03 और तालुकाओं में उपखण्ड न्यायालयों सहित कुल गठित 15 बैंचों द्वारा लोक अदालत की कार्यवाही संपादित की गई।
जिला मुख्यालय स्तर पर न्यायालयों में लम्बित राजीनामे योग्य प्रकरणों के निस्तारण हेतु श्री विक्रान्त गुप्ता, जिला एवं सैशन न्यायाधीश-जोधपुर, श्री मुकेश कुमार, मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट जोधपुर जिला, श्रीमती पूर्णिमा गौड़ (अपर जिला एवं सेशन न्यायाधीश), जोधपुर की अध्यक्षता में बैंचों का गठन किया गया, जिसमें बैंच के सदस्य के रूप में अधिवक्ता श्री रामप्रकाश प्रजापत, श्री युवराज सोनेल व श्री कृष्णचन्द्र शर्मा उपस्थित रहे।
श्री विक्रान्त गुप्ता की अध्यक्षता में गठित बैंच में जनोपयोगी सेवाओं से सम्बन्धित स्थाई लोक अदालत में जोधपुर जिलों के प्रकरणों को भी निस्तारण हेतु सम्मिलित किया गया। इन सभी बैंचों द्वारा पक्षकारों को लोक अदालत में प्रकरणों के निस्तारण से होने वाले लाभ बताते हुए समझाईश करते हुए प्रकरणों का राजीनामें के साथ निस्तारण भी किया गया।
प्राधिकरण की सचिव श्रीमती पूर्णिमा गौड़ ने बताया कि लोक अदालत में पक्षकारों को शीघ्र व सुलभ न्याय मिलता है। लोक अदालत में होने वाले राजीनामें की कोई अपील नहीं होती व सिविल कोर्ट के आदेश की तरह पालना होती है। इस राष्ट्रीय लोक अदालत में अधिवक्तागण, पक्षकारगण, कर्मचारीगण एवं सभी बैंकों के वरिष्ठ अधिकारीगण ने अपनी सकारात्मक भागीदारी दर्ज करवाते हुए राजीनामे से प्रकरणों का निस्तारण करवाने हेतु सहयोग प्रदान किया।
प्राधिकरण अध्यक्ष श्री विक्रान्त गुप्ता ने बताया कि लोक अदालत के अवसर पर अधिवक्ताओं, पक्षकारों, विभागों एवं बैंक व वित्तीय संस्थाओं के जुड़े पदाधिकारियों व कर्मचारियों का ख़ासा उत्साह दिखाई दिया, जिससे प्रसन्नता हुई।
उन्होंने कहा कि इस लोक अदालत में अधिवक्तागण एवं पक्षकार स्वयं ही आगे आये हैं एवं अपने प्रकरणों का निस्तारण हेतु अनुरोध प्रस्तुत किया। इस प्रकार राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण द्वारा आयोजित राष्ट्रीय लोक अदालत में प्रकरणों का राजीनामा से निस्तारण किये जाने का प्रयास सफल प्रतीत हो रहा है।
इस अवसर पर जोधपुर विद्युत वितरण निगम लिमिटेड बावडी शाखा से श्री मनोहर जाट, राजस्थान मरुधरा ग्रामीण बैंक से सुश्री हीना तोलानी व श्री तेजाराम, यूको बैंक से श्री रिडमल सिंह, आईसीआईसीआई बैंक से श्री गोपाल बोराणा, एसबीआई बैंक से श्री हेमेन्द्र सांखला व अन्य बैंकिंग क्षेत्र से जुड़े अधिकारीगण उपस्थित रहे।